चंडीगढ़ में दिल्ली और पाकिस्तान बॉर्डर से हो रही नशा तस्करी
चंडीगढ़ पुलिस ने ड्रग तस्करी के बड़े नेटवर्क का किया भंडाफोड़
तस्करों पर शिकंजा: 01 विदेशी महिला समेत 04 गिरफ्तार
रमेश गोयत
चंडीगढ़, 03 मार्च। चंडीगढ़ पुलिस ने एक बड़े ड्रग तस्करी नेटवर्क का पर्दाफाश किया है, जो दिल्ली और पाकिस्तान बॉर्डर के जरिए नशे की आपूर्ति कर रहा था। इस गिरोह का संबंध अंतरराष्ट्रीय ड्रग सिंडिकेट और पाकिस्तानी आईएसआई से भी जुड़ा हुआ है। पुलिस ने इस ऑपरेशन में पांच तस्करों को गिरफ्तार किया, जिनमें एक विदेशी महिला भी शामिल है। इस ऑपरेशन में पाकिस्तान की आईएसआई से जुड़े गिरोह का भी खुलासा हुआ है, जो ड्रोन के जरिए भारत में ड्रग्स पहुंचाने और हवाला चैनल से पैसों की लेन-देन में संलिप्त था। ऑपरेशन का नेतृत्व एसपी ऑपरेशन, गीतांजलि खंडेलवाल, आईपीएस के मार्गदर्शन में, डीएसपी ऑपरेशन विकास श्योकंद की देखरेख में और इंस्पेक्टर रंजीत सिंह के नेतृत्व में किया गया।
चंडीगढ़ पुलिस को सूचना मिली थी कि दिल्ली और पाकिस्तान बॉर्डर से नशा तस्करी का एक बड़ा गिरोह सक्रिय है। पुलिस ने आईएसबीटी सेक्टर-43, चंडीगढ़ के पास नाका लगाकर मनप्रीत सिंह उर्फ मन्ना को 550 ग्राम हेरोइन के साथ गिरफ्तार किया। पूछताछ में खुलासा हुआ कि वह दिल्ली के रिजवान खान और पाकिस्तानी ड्रग सप्लायर फैसल शेख के संपर्क में था।
गिरफ्तारी और बरामदगी
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान आकाशदीप उर्फ आकाश – ग्राम अलगोन कोठी, जिला तरनतारन (पंजाब), शमशेर सिंह उर्फ शेरा – ग्राम भगवानपुरा, जिला तरनतारन (पंजाब), गुरलाल सिंह उर्फ लाला – (पहले से गोविंदवाल जेल में बंद) व शुफा उर्फ शुफी – (तंजानियाई महिला, दिल्ली से ड्रग सप्लाई में लिप्त) के रूप में हुई।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 297.40 ग्राम हेरोइन (कीमत लगभग 30 लाख रुपये), 100 कोकीन/क्रैक बॉल, 5,200 रुपये ड्रग मनी, एक स्विफ्ट कार, एक देसी पिस्तौल (कट्टा) व ड्रग्स मापने की मशीन बरामद की।
ऑपरेशन का विवरण
चंडीगढ़ पुलिस ऑपरेशन सेल को सूचना मिली कि दो अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्कर गिरोह सक्रिय हैं। इनमें से एक गिरोह गोविंदवाल जेल (पंजाब) से संचालित हो रहा था, जबकि दूसरा दिल्ली से। पुलिस टीम ने 24 मार्च 2025 को आईएसबीटी सेक्टर-43, चंडीगढ़ के पास नाका लगाया और आकाशदीप उर्फ आकाश को 297.40 ग्राम हेरोइन के साथ गिरफ्तार किया।
पूछताछ में खुलासा हुआ कि वह अपने साथी शमशेर सिंह उर्फ शेरा के साथ मिलकर चंडीगढ़ और पंजाब में हेरोइन की सप्लाई कर रहा था। पुलिस ने 26 मार्च को शेरा की गिरफ्तारी के लिए पंजाब के तरनतारन जिले के भगवानपुरा गांव में छापा मारा।
गांव पाकिस्तान की सीमा के पास होने के कारण आरोपी ने गुप्त दरवाजे से भागने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने 27 मार्च को उसे दबोच लिया। आगे की पूछताछ में गुरलाल उर्फ लाला का नाम सामने आया, जो पहले से गोविंदवाल जेल में बंद है और पाकिस्तानी आईएसआई एजेंट्स के संपर्क में है।
आईएसआई कनेक्शन और हवाला नेटवर्क
शमशेर सिंह और गुरलाल उर्फ लाला का संबंध पाकिस्तानी आईएसआई एजेंटों से है। यह गिरोह राजस्थान के बीकानेर में भारतीय सेना की जासूसी में भी शामिल था, जहां भवानी सिंह नामक रेलवे अधिकारी को हनी ट्रैप में फंसाकर सैन्य गतिविधियों की गुप्त जानकारी पाकिस्तान को भेजी जा रही थी।
इस गिरोह के जरिए पाकिस्तान से ड्रोन के माध्यम से ड्रग्स भारत लाए जाते थे और हवाला चैनल के जरिए पैसों का लेन-देन किया जाता था।
अंतरराष्ट्रीय महिला तस्कर का पर्दाफाश
एक अन्य ऑपरेशन में 1 अप्रैल को तंजानियाई महिला शुफा उर्फ शुफी को आईएसबीटी सेक्टर-17, चंडीगढ़ से गिरफ्तार किया गया। वह दिल्ली से ड्रग नेटवर्क चला रही थी और उसके पास से 100 कोकीन/क्रैक बॉल बरामद हुए।
2 अप्रैल को पुलिस ने गुरलाल सिंह उर्फ लाला को गोविंदवाल जेल से प्रोडक्शन वारंट पर हिरासत में लिया और 2 दिन का पुलिस रिमांड प्राप्त किया। आगे की जांच में उसके पाकिस्तानी आईएसआई एजेंट्स से संबंधों और हवाला लेन-देन के सबूत इकट्ठे किए जा रहे हैं।
चंडीगढ़ पुलिस की इस कार्रवाई ने एक बड़े ड्रग तस्करी नेटवर्क और आईएसआई एजेंटों से जुड़े एक आपराधिक गिरोह का पर्दाफाश किया। इस ऑपरेशन से पंजाब, हरियाणा और दिल्ली में मादक पदार्थों की तस्करी को नियंत्रित करने में मदद मिलेगी। पुलिस अब इस गिरोह के अन्य सहयोगियों की तलाश में जुटी है।
चंडीगढ़ पुलिस नागरिकों से अपील करती है कि अगर उन्हें किसी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिलती है, तो तुरंत पुलिस हेल्पलाइन पर सूचित करें।
अपने शहर की खबरें Whatsapp पर पढ़ने के लिए Click Here →
Click to Follow हिन्दी बाबूशाही फेसबुक पेज →