हरियाणा में सड़क पर शव रखकर प्रदर्शन पर रोक, बिल पास
6 महीने से 3 साल तक की कैद और 1 लाख रुपये तक का जुर्माना का प्रावधान
रमेश गोयत
चंडीगढ़, 26 मार्च 2025: हरियाणा विधानसभा के बजट सत्र के 10वें दिन सदन में "हरियाणा शव सम्मान निपटान विधेयक" पारित कर दिया गया। इस विधेयक के तहत अब किसी भी व्यक्ति को सड़क पर शव रखकर प्रदर्शन करने की अनुमति नहीं होगी। यदि कोई ऐसा करता है तो उसे 6 महीने से 3 साल तक की कैद हो सकती है और 1 लाख रुपये तक का जुर्माना भी लगाया जा सकता है।
विधेयक की जरूरत क्यों पड़ी?
हरियाणा में कई बार सड़क पर शव रखकर प्रदर्शन किए जाते हैं, जिससे यातायात प्रभावित होता है और आमजन को परेशानी होती है। इस कानून के लागू होने से ऐसे प्रदर्शनों पर रोक लगेगी और मृतकों का सम्मानजनक अंतिम संस्कार सुनिश्चित किया जाएगा।
अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा
बागवानी पौधशाला और अपर्ण संस्था से जुड़े विधेयक रिस्टोर
सदन में बागवानी पौधशाला और अपर्ण संस्था के नियंत्रण से संबंधित विधेयकों को भी पुनः बहाल किया गया। ये विधेयक हरियाणा में बागवानी विकास और संस्थागत प्रबंधन से जुड़े हैं।
राजकीय स्कूलों की स्थिति पर कांग्रेस ने उठाए सवाल
कांग्रेस विधायक अशोक अरोड़ा ने सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की कमी और बुनियादी सुविधाओं पर ध्यान आकर्षण प्रस्ताव के जरिए सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि कई सरकारी स्कूलों में बुनियादी सुविधाएं तक नहीं हैं और शिक्षकों की भारी कमी बनी हुई है।
शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा का जवाब
इस पर हरियाणा के शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा ने जवाब देते हुए कहा,
"कई बार सदस्यों को गलत रिपोर्ट मिलती है, जिससे वे हंगामा करने लगते हैं। प्रदेश में 1 लाख से अधिक शिक्षकों के पद स्वीकृत हैं, जिनमें से 92 हजार शिक्षक कार्यरत हैं। इसके अलावा हरियाणा कौशल रोजगार निगम के तहत 7 हजार नए शिक्षकों की नियुक्ति की गई है।"
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा का पलटवार
पूर्व मुख्यमंत्री और विपक्ष के नेता भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने निजी स्कूलों की मनमानी पर सवाल उठाते हुए कहा,
"जो किताब सरकारी स्कूल में 50 रुपये में मिलती है, वही किताब निजी स्कूलों में 150 रुपये में बेची जाती है। इसी तरह, ड्रेस और अन्य सामान के नाम पर निजी स्कूल अभिभावकों से मोटी रकम वसूल रहे हैं। सरकार को इस पर सख्त कार्रवाई के लिए एक विशेष डेस्क बनानी चाहिए।"
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